पैनी नजर व पुलिस के प्रयासों से नाबालिक बच्ची परिवार को मिली
पैनी नजर व पुलिस के प्रयासों से नाबालिक बच्ची परिवार को मिली
बदायूँ थाना उझानी जिला बदायूं क्षेत्र के गांव से 2 माह पूर्व लापता नाबालिग को थाना उझानी कोतवाल ने बरामद किया 2 माह पूर्व ग्राम के ही कुछ दबंग लोग नाबालिक का मुंह बांधकर लगभग शाम के 9:00 बजे घर से अपहरण कर के ले गए थे। एक माह तक नाबालिक के माता-पिता थाना कोतवाली के चक्कर लगाते रहे जब उन्हें कहीं से कोई सुनवाई की उम्मीद नहीं लगी तब उन्होंने पैनी नजर संस्था अध्यक्ष एडवोकेट सुनीता गंगवार से संपर्क साधा नाबालिक की मां व
मामा ने संस्था की अध्यक्ष एडवोकेट सुनीता गंगवार को जिला बरेली में आकर अपनी व्यथा सुनाई। संस्था अध्यक्ष में उनकी व्यथा सुनकर तत्काल संज्ञान लिया 25 मई 2021 को संस्था अध्यक्ष ने जिला बदायूं जाकर एसपी बदायूं को ज्ञापन देकर पूरी घटना का व पुलिस की कार्रवाई का पूरा संज्ञान लिया एसपी बदायूं ने संस्था अध्यक्ष के इस ज्ञापन पर गंभीरता से संज्ञान लेने का आश्वासन दिया। इसके पश्चात संस्था अध्यक्ष ने कोतवाल उझानी से भी संपर्क किया एवं इस प्रकरण की विवेचना कर रहे विवेचक से भी मुलाकात की एवं पीड़ित की व्यथा को गंभीरता से संज्ञान लेने का अनुरोध किया कोतवाल उझियानी ने भी संस्था अध्यक्ष को नाबालिक को बरामद करने का पूर्ण आश्वासन दिया इसके पश्चात संस्था अध्यक्ष लगातार कोतवाल व विवेचक के संपर्क में बनी रहे संस्था अध्यक्ष ने यह भी कहा यदि पुलिस प्रशासन को संस्था की सहायता की कहीं भी आवश्यकता हो संस्था उनके लिए हमेशा तैयार हैं। संस्था व पुलिस प्रशासन का इस घटना पर बराबर संपर्क बना रहा इसके पश्चात 17 जून 2021 को थाना उझानी कोतवाल ने बड़ी संजीदगी से और पूरी मेहनत और लगन से एवं मुस्तैदी से नाबालिक को बरामद करने में कामयाब हुए । इस कामयाबी की जानकारी नाबालिक के परिवार ने तुरंत संस्था को दी संस्था अध्यक्ष ने उझानी कोतवाल से संपर्क कर इसकी पुष्टि की उसके पश्चात नाबालिक का मेडिकल परीक्षण कराने के पश्चात 164 के बयान कराने की पुलिस ने त्वरित कार्यवाही की और आरोपियों को जिन्होंने एक नाबालिक को अपहरण करने का और उसे अपने साथ रखने का जो कृत्य किया उसके लिए उझानी कोतवाल ने उन्हें कड़ी व संगीन धाराओं के अंतर्गत मुकदमा लिख तुरंत जेल भेजा। 19 जून 2021 को संस्था अध्यक्ष ने उझानी जाकर कोतवाल उझानी को इस सफलता पर धन्यवाद दिया वह एसपी बदायूं का भी तहे दिल से शुक्रिया अदा किया कि उन्होंने संस्था की इस गुहार पर संजीदगी से अमल किया और पीड़ित परिवार को उनकी खुशियां लौटाई। संस्था अध्यक्ष ने नाबालिग व उसके पूरे परिवार से भी मुलाकात की परिवार में खुशी का माहौल था कि 2 महीने बाद उनकी 13 वर्षीय बेटी उन्हें वापस मिली।